Detailed Notes on shayari badmashi

और तेरी औकात से ज्यादा तो मेरे सिगरेट के खर्चे हैं!

हम तो खुदा को भी Mindset दिखा देते हैं दिल से।

हम वहाँ ठहरते हैं जहाँ लोगों की सोच भी नहीं जाती।

हमारे कद के बराबर अभी तक ना आ सके जो लोग,

मै रहा नहीं, और जो मैं हूँ वो तुम्हे पता नहीं!

वहाँ लोगों की औकात अपने आप समझ में आ जाती है..! ⚡

जो भी देखे कहे — “ये तो पूरी बवाल है भोले!”

और तुम्हें लगता है मैं click here तुम्हारी सुनूंगा…!

हमें कम आँका, तो भूल गया कि आग हवा से नहीं — रुतबे से उड़ती है ✨

क्योंकि आग से खेलने वाले अक्सर जल जाते हैं।

दुश्मनों की गली में हमारा नाम गूंजता है ,

ਅਸੀਂ ਜਿੱਥੇ ਵੀ ਜਾਂਦੇ ਹਾਂ, ਸਾਡੀ ਬਦਮਾਸ਼ੀ ਸਾਡੇ ਨਾਲ ਰਹਿੰਦੀ ਹੈ,

वरना जिगरा तो हम तुझे तेरे घर से उठने का रखते है…!

हम भीड़ में खड़े होकर भी अलग नजर आते हैं ,

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